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सौम्या के हत्यारे पति की हुयी गिरफ्तारी

सहरसा टाईम्स की महती पहल पर हुयी गिरफ्तारी
सुपौल से हुयी गिरफ्तारी
बीते 8 जून को सराही मुहल्ले में ससुराल वालों ने ज़िंदा जलाकर की थी सौम्या की हत्या
अमित कुमार अमर की खास रिपोर्ट—-

दहेज़ की लालच में अपने परिवार के अन्य सदस्यों के साथ मिलकर अपनी पत्नी सौम्या की दिन–दहाड़े ज़िंदा जलाकर हत्या करने वाला हैवान पति बीती रात सुपौल जिला मुख्यालय से गिरफ्तार कर लिया गया ।
इस गिरफ्तारी को लेकर हम अपने पाठकों को बताना चाहते हैं की कल बीती शाम मृतका सौम्या के भाई दीपक दास की निशानदेही पर हमारे(सहरसा टाईम्स) चीफ एडिटर मुकेश कुमार सिंह ने सदर थाना के कुंवर सिंह चौक पर ह्त्या के मुख्य आरोपी बबलू कुमार दास के बहनोई के छोटे भाई प्रभात दास को बबलू कुमार दास की निशानदेही पर मोटरसाईकिल सहित दबोच लिया ।
मुकेश कुमार सिंह ने अपने कुछ सहयोगियों के साथ मोटसाईकिल और प्रभात दास को पूरी तरह से अपने कब्जे में ले लिया और इसकी सूचना सदर थाना के एसएचओ भाई भरत कुमार को दी ।
भाई भरत कुमार बेहद कम समय में दल–बल के साथ मौके पर पहुंचे और प्रभात सहित गाड़ी को अपने कब्जे में ले लिया ।मुकेश कुमार सिंह की मौजूदगी में बीती रात प्रभात दास से पुलिस अधिकारियों ने सघन पूछताछ की ।प्रभात पहले तो कुछ भी बताने से इनकार करता रहा लेकिन पुलिस की शख्ती के बाद उसने मुख्य आरोपी बबलू कुमार दास के ठिकाने के बारे में बता दिया ।पुलिस ने प्रभात से मिली जानकारी पर सुपौल से बबलू कुमार दास को बीती रात में ही गिरफ्तार कर लिया ।आज पुलिस ने बबलू कुमार दास को न्यायालय में प्रस्तुत करने के बाद उसे जेल भेज दिया ।निश्चित रूप से सहरसा टाईम्स के चीफ एडिटर की पहल पर पुलिस ने त्वरित और काबिले–तारीफ़ कार्रवाई की ।लेकिन पुलिस ने हाथ में आये अहम सुराग प्रभात दास को 25 से लेकर 50 हजार रूपये लेकर छोड़ दिया ।यह सूचना हमतक अभी–अभी पहुंची है ।
सौम्या को न्याय दिलाने के लिए सहरसा टाईम्स परिवार किसी भी हद को पार करने को तैयार है । सबसे पहले हमारे चीफ एडिटर मुकेश कुमार सिंह कल पुलिस अधिकारियों से इस बात का हिसाब लेंगे की प्रभात दास को आखिर किस आधार पर छोड़ा गया ।हत्यारे को उसने संरक्षण दिया,यह आरोप तत्काल उसपर सिद्ध थे ।दूसरा उसके पास से पुलिस ने गांजा भी बरामद किया था ।वैसे हम अपने पाठकों को बता दें की बिहार में सबसे अधिक बिगड़ैल और घूसखोर सहरसा पुलिस है ।यहां की पुलिस ने घूसखोरी के बड़े कीर्तिमान बना रखे हैं,जिसे तोड़ पाना मिल का पत्थर है ।कल ऑपरेशन पुलिस की खबर लेकर हम आपके सामने हाजिर होंगे ।

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